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Singrauli news : आंगनबाड़ी के लिए बर्तन खरीदी में भ्रष्टाचार का टेंडर !

Singrauli news सिंगरौली।अपने आशिक मिजाजी और भ्रष्टाचार के आप से घिरे महिला बाल विकास अधिकारी का अब एक नया कारनामा सामने आया है। इस बार रात 9.14 बजे निविदा खोल कर भ्रष्टाचार करने का टेंडर निकाला गया है। डीपीओ पर पहले भी सरकारी रूपयों पर दुरुपयोग के आरोप की शिकायत ईओडब्ल्यू से की जा चुकी हैं।

गौरतलब है कि आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए जेम पोर्टल के जरिए जिला कार्यक्रम अधिकारी सिंगरौली द्वारा स्टेनलेस स्टील बर्तनों की खरीद के लिए करीब 5 करोड़ रुपए की निविदा जारी की गई थी। बर्तनों की खरीद के लिए दिए गए आर्डर में नियम कायदों में गंभीर अनियमितता बरती गई है।

मामले में शिकायतकर्ता का कहना है कि जिस प्रक्रिया के तहत यह निविदा आनन-फानन रात 9.14 बजे खोली गई और आर्डर जारी कर दिए गये हैं उन प्रक्रियाओं ने केंद्र सरकार की नीतियों का उल्लंघन किया है और पारदर्शिता, समावेशिता और निष्पक्षता के सिद्धांतों को कमजोर किया है। मुख्य मुद्दे में एमएसएमई आरक्षण नीति का उल्लंघन किया गया है। निविदा में शामिल वस्तुएं सूक्ष्म और लघु उद्यमों के लिए आरक्षित सूची का हिस्सा हैं। Singrauli news

जैसा कि केंद्र सरकार के एमएसएमई मंत्रालय द्वारा जारी दिशा निर्देशों में उल्लिखित है। लेकिन अधिकारियों द्वारा जान बूझकर ऐसी शर्तें रखी गयी हैं जो सार्वजनिक खरीद में एमएसएमई के नियमों का पालन नहीं करती हैं। इसके अलावा इस निविदा के माध्यम से गैर-ब्रांडेड और गैर- अनुपालन करने वाले बोलीदाताओं का चयन किया गया है। जो कि निविदा जान पहचान व अपने लोगों के जरिए संपन्न कराने के प्रयास को दर्शाता है।इस संबंध में जब महिला बाल विकास अधिकारी राजेश राम गुप्ता का पक्ष जानने के लिए उनके मोबाइल नंबर पर संपर्क किया गया तो उन्होंने फोन काट दिया। Singrauli news

आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए करनी है बर्तनों की खरीदी
जिले के 1550 आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए लगभग 5 करोड़ की लागत से बर्तनों की खरीद की जानी है। जिसके लिए स्पेसिफिकेशन गुणवत्ता मापदंड के अनुरूप खरीदी की जानी है। सभी बर्तन स्टेनलेस स्टील के थाली, चम्मच, ग्लास, जग, बाल्टी, कंटेनर, करछुली की खरीद के लिए माप भी दशांयी गयी है। जिस प्रकार इन सभी आइटम की खरीद की जानी है, उसमें गुणवत्ता को लेकर सवाल उठाए गये हैं।

मैनेज कर टेंडर किए जाने की शिकायत
शिकायतकर्ता का कहना है कि जिस प्रकार बोली दाताओं ने रेट भरे हैं, उसमें बहुत ही कम का अंतर है। इस निविदा में एल-1 रहे जय माता दी कारपोरेशन ने 4,99,88,300 रूपये, एल-2 रहे एम / एस सत्येद्र कुमार सिंह ने 4,99,56,500 रूपये तीसरे नंबर पर रहे सुनील कुमार त्रिपाठी ने 4,99,75,100 रूपये और चौथे नंबर पर रहे अनमोल ट्रेडर्स ने 5,00,30,900 – रूपये निविदा की राशि भरी है। जिससे ऐसा प्रतीत होता है कि टेंडर को किसी एक ही व्यक्ति के द्वारा अथवा मैनेज कर भरा गया है। वहीं अन्य कई पार्टियों को किसी न किसी प्रकार से डिसक्वालीफाई कर दिया गया है। Singrauli news

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