17 जुलाई का बताया जा रहा वीडियो वायरल, महिला ने कोतवाली के सामने गंभीर आरोप लगाकर कार्रवाई की मांग की
नवीन मिश्रा सिंगरौली। शहर में स्पा सेंटरों की बढ़ती संख्या के बीच अब एक वायरल वीडियो ने पुलिस की निगरानी व्यवस्था पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। 17 जुलाई का बताया जा रहा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें एक महिला कोतवाली के सामने मीडिया कर्मियों के समक्ष अपनी पीड़ा बताते हुए एक स्पा सेंटर संचालक सोनू गुप्ता पर गंभीर आरोप लगाती नजर आ रही है। महिला ने सोनू पर जिस्मफरोशी मारपीट और धमकी देने के आरोप भी लगाए हैं। पुलिस इस मामले में अब चुप्पी साधे हुए हैं।
महिला के मुताबिक,सुकून स्पा सेंटर सचालक सोनू गुप्ता कथित तौर पर जिस्मफरोशी और दलाली का काम करता है तथा उस पर भी गलत काम करने के लिए दबाव बनाता हैं। महिला ने बताया कि विवाद के दौरान विकास नाम के युवक और वेद प्रकाश के साथ भी कथित रूप से मारपीट और धमकी की गई। इसके बाद वह शिकायत लेकर कोतवाली पहुंची और कार्रवाई की मांग की। वायरल वीडियो में महिला अपनी बात मीडिया के सामने रखती दिखाई दे रही है। हालांकि महिला द्वारा लगाए गए आरोपों की सत्यता जांच का विषय है।
मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है कि महिला की शिकायत पर पुलिस ने क्या कार्रवाई की? क्या उसकी शिकायत विधिवत दर्ज की गई या नहीं? इन सवालों का जवाब फिलहाल स्पष्ट नहीं है। मामले में कोतवाली थाना प्रभारी से टेलीफोन पर संपर्क कर पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। मुंशी अनूप मिश्रा से भी प्रतिक्रिया लेने की कोशिश की गई, लेकिन जवाब नहीं मिला।
https://youtu.be/FCTWeEyOdfw?si=eCpvsJHL4VKtl8kS महिला का बयान सुनें
वहीं, क्षेत्र में स्पा सेंटरों की गतिविधियों और बाहर से महिलाओं के आने को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं भी सामने आ रही हैं। हालांकि इन चर्चाओं की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में पुलिस के सामने चुनौती है कि वह वायरल वीडियो में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच कर वास्तविकता सामने लाए। यदि आरोप निराधार हैं तो स्थिति स्पष्ट की जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो।
सोनू पर आरोप, पुलिस की जांच और कार्रवाई पर सवाल
सोनू गुप्ता पर महिला द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद अब सवाल सिर्फ स्पा सेंटर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि पुलिस की जांच और कार्रवाई भी कठघरे में है। वायरल वीडियो में महिला को कोतवाली के सामने अपनी शिकायत और आरोप मीडिया के सामने रखते देखा जा रहा है। इसके बावजूद पुलिस ने मामले में क्या कदम उठाया, शिकायत दर्ज हुई या नहीं और संबंधित संचालक से पूछताछ की गई या नहीं, अब तक इन सवालों पर स्थिति साफ नहीं है। सबसे गंभीर बात यह है कि पुलिस की चुप्पी संदेह को और गहरा रही है। यदि आरोप गलत हैं तो पुलिस तथ्य सामने रखे और सही हैं तो कार्रवाई करे, लेकिन मामले को दबाने की कोशिश हुई तो सवाल और तीखे होंगे।
वायरल वीडियो के बाद सोनू पर मीडिया को धमकाने का आरोप
महिला का वायरल वीडियो सामने आने के बाद मामला अब सिर्फ स्पा सेंटर और लगाए गए आरोपों तक सीमित नहीं रह गया है। आरोप है कि वीडियो वायरल होने के बाद स्पा संचालक सोनू ने मीडिया कर्मियों को धमकाना शुरू कर दिया और उनके खिलाफ पैसे मांगने जैसे आरोप लगाए जा रहे हैं। ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि यदि किसी मामले में मीडिया सवाल उठाता है या सामने आए वीडियो की पड़ताल करता है तो उसे दबाव में लेने की कोशिश क्यों? आरोप सही हैं तो सोनू को तथ्यों और साक्ष्यों के साथ अपना पक्ष सार्वजनिक करना चाहिए। धमकी या दबाव की चर्चा के बजाय सच सामने आना जरूरी है।